क्या सच में Fuel Additive से बढ़ता है माइलेज, या खराब हो जाएगा इंजन? पढ़ें खबर
भारत में बड़ी संख्या में लोग वाहनों का उपयोग रोज करते हैं। जिनमें से कुछ लोग ज्यादा माइलेज के लिए ...और पढ़ें


समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
ऑटो डेस्क, नई दिल्ली। भारत में हर रोज करोड़ों की संख्या में लोग एक जगह से दूसरी जगह जाते हैं। इसके लिए रोज लाखों लोग अपने वाहनों का उपयोग करते हैं। जिनमें माइलेज की समस्या भी सबसे ज्यादा होती है। माइलेज बढ़ाने के लिए लोग अपने वाहन में Fuel Additives का उपयोग भी करते हैं। लेकिन क्या ऐसा करना आपके वाहन के इंजन के लिए फायदेमंद होता है या फिर इससे बड़ा नुकसान भी हो सकता है। हम आपको इस खबर में बता रहे हैं।
करते हैं Fuel Additives का उपयोग
भारत में लोग बड़ी संख्या में अपने वाहनों की माइलेज को बढ़ाने और इंजन की उम्र को बढ़ाने के लिए बाजार में ऑफर किए जाने वाले कई तरह के फ्यूल एडिटिव का उपयोग करते हैं।
बढ़ती है पावर
फ्यूल एडिटिव का उपयोग करने से इंजन की पावर को बढ़ाने में मदद मिलती है। इसके जरिए इंजन में मौजूद कचरा और कोरेजन को हटाया जा सकता है। लेकिन यह पूरी तरह से इंजन को साफ नहीं कर पाते।
बेहतर होती है माइलेज
फ्यूल एडिटिव के कारण वाहन की माइलेज में भी सुधार आ सकता है। यह सुधार तीन से पांच फीसदी तक भी हो सकता है। इससे ज्यादा सुधार लाने के लिए वाहन को सही तरह से चलाना और देखभाल जरूरी होती है।
होता है नुकसान
अगर फ्यूल एडिटिव का उपयोग बार बार किया जाता है तो इससे फायदा होने की जगह नुकसान भी हो जाता है। लगातार उपयोग के कारण यह पूरी तरह से जल नहीं पाता और कैटेलिक कनवर्टर के पास जमा होता रहता है। ज्यादा उपयोग के कारण जब कैटेलिक कनवर्टर में इसकी संख्या भी बढ़ जाती है तो इंजन से धुंआ पूरी तरह से बाहर नहीं निकल पाता और इंजन को फायदा होने की जगह नुकसान पहुंचाने लगता है।
कब करें उपयोग
अगर आपको अपने वाहन में फ्यूल एडिटिव का उपयोग करना है तो 10 हजार किलोमीटर में एक बार या 20 हजार किलोमीटर में एक बार उपयोग किया जा सकता है।
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