Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    कितना माइलेज देती है हाइड्रोजन से चलने वाली कार? जानें किन-किन देशों के पास है Hydrogen गाड़ी

    Updated: Fri, 17 Jul 2026 01:24 PM (IST)

    Hydrogen Car Mileage: 17 जुलाई से भारत की पहला हाइड्रोजन ट्रेन का सफर भारत में शुरू हो रहा है। इसके साथ ही आइए जानते हैं कि हाइड्रोजन से चलने वाली कार ...और पढ़ें

    News Article Hero Image
    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    ऑटो डेस्क, नई दिल्ली। देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का सफर उद्घाटन के बाद 17 जुलाई से आम यात्रियों के लिए शुरू हो जाएगा। यह ट्रेन जींद सोनीपत रेलमार्ग पर चलेगी। यह हाइड्रोजन ट्रेन अपने सफर के दौरान कुल 14 स्टेशनों पर रुकेगी। इसी को लेकर आइए जानते हैं कि हाइड्रोजन से चलने वाली कार या गाड़ियों का माइलेज कितना होता है।

    हाइड्रोजन से चलने वाली कार

    हाइड्रोजन कारें आमतौर पर एक बार टैंक फुल होने पर 300 से 400 मील (480 से 650 किमी) तक की दूरी तय कर सकती हैं। जैसे, 2026 Toyota Mirai फुल टैंक में लगभग 402 मील की रेंज दे सकती है। अगर इसके प्रति किलोग्राम हाइड्रोजन का माइलेज की बात करें तो यह औसतन 60 से 70 मील (96 से 112 किमी) की दूरी तय कर सकती है।

    वर्तमान में बनने वाले हाइड्रोज फ्यूल सेल वाहन (FCEVs), पारंपरिक पेट्रोल कारों जैसी ही रेंज और फ्यूल भरने का समय देते हैं। इन गाड़ियों में हाइड्रोजन भरने में सिर्फ 3 से 5 मिनट का ही समय लगता है।

    भारत में हाइड्रोजन तकनीक

    भारत में अब हाइड्रोजन तकनीक का इस्तेमाल अभी मुख्य रूप से पायलट प्रोजेक्ट्स, टेस्टिंग, और सरकारी परिवहन जैसे ट्रेन और बसों के स्तर पर किया जा रहा है। व्यक्तिगत इस्तेमाल के लिए हाइड्रोजन कारों की बिक्री अभी शुरू नहीं हुई है। हालांकि, इस तकनीक पर भी तेजी से काम हो रहा है।

    भारत ने आज अपनी पहली स्वदेशी हाइड्रोजन ट्रेन शुरू कर दी है जो हरियाणा के जींद और सोनीपत के बीच चलेगी। यह ट्रेन डीजल या बिजली के बजाय हाइड्रोजन फ्यूल-सेल तकनीक से चलती है।

    भारत में हाइड्रोजन बस

    दिल्ली में भारत की पहली हाइड्रोजन बस सर्विस को लॉन्च किया गया था जिसे DMRC और Indian Oil द्वारा संयुक्त रूप से TATA Motors द्वारा बनाया गया था। इसे सेंट्रल सेक्रेटेरिएट, कर्तव्य भवन, विज्ञान भवन, निर्माण भवन, अकबर रोड, नेशनल गैसली ऑफ मॉडर्न आर्ट और सेवा तीर्थ को कवर करने के लिए लॉन्च किया गया था।

    खबरें और भी

    पब्लिक ट्रांसपोर्ट में हाइड्रोजन गाड़ियां

    पब्लिक ट्रांसपोर्ट के लिए हाइड्रोजन गाड़ियों का इस्तेमाल कई देशों में किया जा रहा है। इसमें चीन, जापान, साउथ कोरिया, जर्मनी और फ्रांस के साथ अब भारत का नाम भी शामिल हो गया है। वर्तमान में कुछ ही ऑटोमोबाइल कंपनियां FCEVs का निर्माण करती हैं। इसमें Toyota, Hyundai और Honda शामिल हैं।

    यह भी पढ़ें- जल्द आ रही Range Rover Sport Electric, मॉडर्न लुक और पावर के साथ मिलेगा बेहतर परफॉर्मेंस