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    लगने वाली है Lok Adalat, किस तरह के चालान होते हैं माफ और किन पर भरना पड़ेगा पूरा जुर्माना

    Updated: Wed, 06 May 2026 03:00 PM (IST)

    इस हफ्ते एक बार फिर से Lok Adalat का आयोजन किया जाएगा। यह उन लोगों के लिए एक सुनहरा अवसर है जिनके पास पुराने चालान बकाया हैं। इस तरह की अदालत में आप क ...और पढ़ें

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    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    ऑटो डेस्‍क, नई दिल्‍ली। भारत में हर रोज हजारों वाहनों की ओर से ट्रैफिक के नियमों का उल्‍लंघन किया जाता है। जिसके बाद अलग अलग नियमों के उल्‍लंघन पर चालान जारी किए जाते हैं। इस तरह के चालान का निपटारा Lok Adalat में किया जाता है। आप भी लोक अदालत में अपने ट्रैफिक चालान को माफ करवाने का इंतजार कर रहे हैं, तो इस हफ्ते में आपको यह मौका कब मिल सकता है। किस तरह के चालान लोक अदालत में माफ हो जाते हैं और किन पर पूरा जुर्माना देना पड़ता है। हम आपको इस खबर में बता रहे हैंं।

    इस हफ्ते लगेगी लोक अदालत

    सरकार और प्रशासन की ओर से यह कोशिश की जाती है कि लंबित ट्रैफिक चालान और इसी तरह के मामलों का निपटारा जल्‍द किया जाए। इसके लिए समय समय पर लोक अदालत का आयोजन किया जाता है, जहां पर इस तरह के मामलों का जल्‍द निपटारा होता है। इस हफ्ते भी 9 May को लोक अदालत लगाई जाएगी। जिसमें ऐसे मामलों पर सुनवाई होगी और उनका निपटारा किया जाएगा।

    माफ भी होते हैं चालान

    लोक अदालत में कम समय और कम कीमत पर निपटारा किया जाता है। कई बार तो छोटे मामलों में जुर्माने की राशि को पूरी तरह से माफ कर दिया जाता है या फिर कम राशि का जुर्माना लगाकर निपटारा किया जाता है।

    किस तरह के चालान हो सकते हैं माफ

    बिना हेलमेट वाहन चलाना, सीट बेल्‍ट न लगाना, ट्रैफिक सिग्‍नल तोड़ना, गलत तरह से पार्किंग करना, प्रदूषण सर्टिफिकेट न होना, इंश्‍योरेंस खत्‍म होने जैसे चालानों पर लोक अदालत में सुनवाई की जाती है। जिसमें कई मामलों में बिना जुर्माना लगाए ही निपटारा किया जाता है।

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    किन मामलों में नहीं मिलती माफी

    ट्रैफिक नियमों में गंभीर उल्‍लंघन जैसे मामलों में लोक अदालत से माफी नहीं मिलती। ऐसे मामलों में नशे में वाहन चलाना, हिट एंड रन जैसे मामले शामिल होते हैं।

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