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    24 जुलाई की तारीख पर निर्यातकों की नजर, अमेरिका ले सकता है बड़ा फैसला; ब्राजील पर ठोक दिया 25% टैरिफ

    By Jagran BusinessEdited By: Gyanendra Tiwari
    Updated: Fri, 17 Jul 2026 09:16 PM (IST)

    अमेरिका ने ब्राजील पर 25% टैरिफ लगाया है, जिससे भारतीय निर्यातक चिंतित हैं और 24 जुलाई के बाद भारत पर संभावित टैरिफ का इंतजार कर रहे हैं। ...और पढ़ें

    भारतीय निर्यातक 24 जुलाई के बाद टैरिफ की आशंका में।

    भारतीय निर्यातक 24 जुलाई के बाद टैरिफ की आशंका में।

    HighLights

    1. अमेरिका ने ब्राजील पर 25% टैरिफ लगाया।

    2. भारतीय निर्यातक 24 जुलाई के बाद टैरिफ की आशंका में।

    3. अमेरिकी खरीदार भारत से माल मंगाने में हिचक रहे।

    जागरण ब्यूरो,, नई दिल्ली। अमेरिका ने आगामी 22 जुलाई से ब्राजील से आने वाली वस्तुओं पर 25 प्रतिशत का टैरिफ लगा दिया है। इसे देखते हुए भारतीय निर्यातकों के बीच अमेरिका के अगले कदम को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।

    निर्यातक इन दिनों अमेरिका के सभी व्यापारिक फैसले पर नजर रख रहे हैं। टैरिफ से उनका कारोबार सीधे तौर पर प्रभावित होता है, इसलिए निर्यातक अमेरिका स्थित अपने खरीदार से भी संपर्क में हैं। अमेरिका ने अपने व्यापार कानून के सेक्शन 301 के तहत ब्राजील पर टैरिफ (Trump Tariff) लगाया है।

    सेक्शन 301 अमेरिका लगाता है टैरिफ

    इस सेक्शन के तहत अमेरिका किसी भी देश में जबरन श्रम के जरिए होने उत्पादन और क्षमता से ज्यादा उत्पादन की जांच करता है और ऐसा पाए जाने पर अमेरिका उन देशों से आने वाली वस्तुओं पर अतिरिक्त टैरिफ लगाता है। सेक्शन 301 के तहत भारत में भी अमेरिका ने जांच की है जिसकी रिपोर्ट पर अभी अमेरिकी सरकार ने फैसला नहीं लिया है। लेकिन अमेरिका सेक्शन 301 के तहत भारत के कुछ आइटम पर 12.5 प्रतिशत का टैरिफ लगा सकता है।

    24 जुलाई को समाप्त हो रही अवधि

    अभी अमेरिका जाने वाली वस्तुओं पर दुनिया के सभी देशों को पिछले साल अप्रैल से पहले लगने वाले टैरिफ के अलावा 10 प्रतिशत का टैरिफ देना पड़ता है। पिछले साल अप्रैल में अमेरिका ने 50 से अधिक देशों पर पारस्परिक टैरिफ लगाने की घोषणा की थी जिसे वहां के सुप्रीम कोर्ट अवैध करार देते हुए सभी देशों के लिए 10 प्रतिशत टैरिफ लगाने का फैसला सुनाया था।

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    इसकी अवधि 24 जुलाई को समाप्त हो रही है। निर्यातकों ने बताया कि 24 जुलाई के बाद पहले से जारी टैरिफ के अलावा 12.5 प्रतिशत का टैरिफ लग सकता है। अगर अमेरिका भारत के प्रतिद्वंद्वी देशों पर भी सेक्शन 301 के तहत टैरिफ लगाता है तो इससे भारत के निर्यात पर असर नहीं पड़ेगा। लेकिन वह टैरिफ 12.5 प्रतिशत से अधिक का होना चाहिए। हालांकि गुरुवार को अमेरिका के कुछ सांसदों ने रूस से तेल खरीदारी जारी रखने के कारण भारत, चीन समेत कई देशों पर 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने की सिफारिश की है।

    अमेरिकी खरीदार हिचक रहे

    निर्यातकों ने बताया कि एक बार फिर से उनके अमेरिकी खरीदार माल मंगाने में थोड़े हिचक रहे हैं क्योंकि उन्हें नहीं पता है कि अगले कुछ दिनों में भारत पर कितना टैरिफ लगेगा। अगर चीन, वियतनाम, इंडोनेशिया, बांग्लादेश जैसे देशों पर भी भारत से अधिक टैरिफ लगता है तो इससे भारत के निर्यात को कोई नुकसान नहीं होगा।

    ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इंशिएटिव के संस्थापक अजय श्रीवास्तव ने बताया कि टैरिफ को लेकर अमेरिका की रणनीति काफी अस्थिर और उतार-चढ़ाव वाला है। भारत को अमेरिका के साथ संतुलित व्यापार की नीति अपनाना चाहिए। इन तमाम उतार-चढ़ाव के बावजूद इस साल अमेरिका होने वाले निर्यात में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।

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