8th Pay Commission: फिटमेंट फैक्टर पर आई बड़ी खबर, ₹18 हजार से सीधे ₹72 हजार होगी बेसिक सैलरी?
8th Pay Commission Latest News: आठवें वेतन आयोग को लेकर हलचल तेज है, जिसमें फिटमेंट फैक्टर केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों ...और पढ़ें
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आठवें वेतन आयोग का बड़ा अपडेट फिटमेंट फैक्टर से ₹18000 से ₹72000 तक हो सकती है बेसिक सैलरी
HighLights
फिटमेंट फैक्टर से तय होगी केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी।
न्यूनतम बेसिक सैलरी ₹18,000 से ₹72,000 तक बढ़ने का अनुमान।
विभिन्न संगठनों ने 3.61 से 4.00 फिटमेंट फैक्टर की मांग की।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली| अगर आप या आपके परिवार में कोई केंद्रीय कर्मचारी या पेंशनभोगी है, तो यह खबर आपके लिए अच्छी साबित हो सकती है। आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर हलचल तेज हो गई है और कर्मचारियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि उनका वेतन असल में कितना बढ़ने वाला है। 3 सितंबर को इस आयोग के गठन के 10 महीने पूरे होने जा रहे हैं। देशभर के तमाम कर्मचारी संगठनों के साथ बैठकों और चर्चाओं का दौर लगातार जारी है।
जस्टिस (सेवानिवृत्त) रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता वाले इस आयोग को अपनी सिफारिशें सौंपने के लिए 18 महीने का वक्त दिया गया है। फिलहाल, वेतन संशोधन, भत्ते और पेंशन के बीच जिस एक शब्द की सबसे ज्यादा चर्चा है और वो है- फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor)। यही वह जादुई नंबर है, जो तय करेगा कि आपकी बेसिक सैलरी और पेंशन में कितना बंपर उछाल आएगा।
क्या है फिटमेंट फैक्टर और क्यों है अहम?
आसान भाषा में समझें तो फिटमेंट फैक्टर वह गुणांक (Multiplier) है, जिससे आपकी मौजूदा बेसिक सैलरी को गुणा करके नई सैलरी तय की जाती है। सातवें वेतन आयोग में सरकार ने इसे 2.57 तय किया था। इसी का नतीजा था कि कर्मचारियों की न्यूनतम बेसिक सैलरी सीधे 7,000 रुपए से छलांग लगाकर 18,000 रुपए हो गई थी। इससे पहले, छठे वेतन आयोग में यह फैक्टर महज 1.86 था। अब जब आठवें वेतन आयोग की बारी है, तो कर्मचारी संगठनों ने इस फैक्टर को 2.57 से कहीं ज्यादा बढ़ाने की हुंकार भर दी है।
3.61, 3.833 या 4... कितनी होगी सैलरी?
वेतन आयोग सामने इस वक्त फिटमेंट फैक्टर को लेकर तीन सबसे बड़े प्रस्ताव रखे गए हैं। आइए इनका गणित समझते हैं।
3.61 फिटमेंट फैक्टर की मांग: सर्वे ऑफ इंडिया की मिनिस्टीरियल स्टाफ एसोसिएशन (MSA) ने सरकार से 3.61 फिटमेंट फैक्टर लागू करने की मांग की है। अगर सरकार इसे मान लेती है, तो वर्तमान में जो न्यूनतम सैलरी 18,000 रुपए है, वह बढ़कर सीधे करीब 65,000 रुपए (सटीक 64,980 रुपए) हो जाएगी।
| ग्रेड | वर्तमान बेसिक पे | अनुमानित बेसिक पे (₹ में) |
| Level 1 | 18,000 | 64980 |
| Level 2 | 19,900 | 71839 |
| Level 3 | 21,700 | 78337 |
| Level 4 | 25,500 | 92055 |
| Level 5 | 29,200 | 105412 |
| Level 6 | 35,400 | 127794 |
| Level 7 | 44,900 | 162089 |
| Level 8 | 47,600 | 171836 |
| Level 9 | 53,100 | 191691 |
| Level 10 | 56,100 | 202521 |
| Level 11 | 67,700 | 244397 |
| Level 12 | 78,800 | 284468 |
| Level 13 | 118,500 | 427785 |
| Level 13 | 131,100 | 473271 |
| Level 14 | 144,200 | 520562 |
| Level 15 | 182,200 | 657742 |
| Level 16 | 205,400 | 741494 |
| Level 17 | 225,000 | 812250 |
| Level 18 | 250,000 | 902500 |
3.833 फिटमेंट फैक्टर की मांग: नेशनल काउंसिल-जेसीएम (NCJCM) स्टाफ साइड और भारत पेंशनर्स समाज (BPS) ने इससे भी आगे बढ़कर 3.833 फिटमेंट फैक्टर का प्रस्ताव दिया है। अगर इस पर मुहर लगती है, तो न्यूनतम मूल वेतन 69,000 रुपए (8th pay commission salary hike) के आस-पास पहुंच जाएगा।
| ग्रेड | वर्तमान बेसिक पे | अनुमानित बेसिक पे (₹ में) |
| Level 1 | 18,000 | 68994 |
| Level 2 | 19,900 | 76276.7 |
| Level 3 | 21,700 | 83176.1 |
| Level 4 | 25,500 | 97741.5 |
| Level 5 | 29,200 | 111923.6 |
| Level 6 | 35,400 | 135688.2 |
| Level 7 | 44,900 | 172101.7 |
| Level 8 | 47,600 | 182450.8 |
| Level 9 | 53,100 | 203532.3 |
| Level 10 | 56,100 | 215031.3 |
| Level 11 | 67,700 | 259494.1 |
| Level 12 | 78,800 | 302040.4 |
| Level 13 | 118,500 | 454210.5 |
| Level 13 | 131,100 | 502506.3 |
| Level 14 | 144,200 | 552718.6 |
| Level 15 | 182,200 | 698372.6 |
| Level 16 | 205,400 | 787298.2 |
| Level 17 | 225,000 | 862425 |
| Level 18 | 250,000 | 958250 |
4.00 फिटमेंट फैक्टर की मांग: सबसे बड़ी और आक्रामक मांग भारतीय प्रतिरक्षा मजदूर संघ (BPMS) ने की है। संघ ने 4.00 का फिटमेंट फैक्टर लागू करने को कहा है। अगर यह लागू होता है, तो कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले हो जाएगी और न्यूनतम बेसिक सैलरी 72,000 रुपए तक पहुंच जाएगी।
| ग्रेड | वर्तमान बेसिक पे | अनुमानित बेसिक पे (₹ में) |
| Level 1 | 18,000 | 72000 |
| Level 2 | 19,900 | 79600 |
| Level 3 | 21,700 | 86800 |
| Level 4 | 25,500 | 102000 |
| Level 5 | 29,200 | 116800 |
| Level 6 | 35,400 | 141600 |
| Level 7 | 44,900 | 179600 |
| Level 8 | 47,600 | 190400 |
| Level 9 | 53,100 | 212400 |
| Level 10 | 56,100 | 224400 |
| Level 11 | 67,700 | 270800 |
| Level 12 | 78,800 | 315200 |
| Level 13 | 118,500 | 474000 |
| Level 13 | 131,100 | 524400 |
| Level 14 | 144,200 | 576800 |
| Level 15 | 182,200 | 728800 |
| Level 16 | 205,400 | 821600 |
| Level 17 | 225,000 | 900000 |
| Level 18 | 250,000 | 1000000 |
यानी, 3.61 और 4.00 फिटमेंट फैक्टर की मांगों के बीच ही सैलरी में करीब 7,020 रुपये प्रति माह का बड़ा अंतर आ रहा है।
अभी सिर्फ अनुमान, अंतिम मुहर का इंतजार
हालांकि, आर्थिक जानकारों और विशेषज्ञों का साफ कहना है कि 65 हजार, 69 हजार और 72 हजार रुपए के ये आंकड़े फिलहाल सिर्फ कर्मचारी संगठनों की मांगें हैं। इसे आठवें वेतन आयोग के तहत तय होने वाली फाइनल न्यूनतम सैलरी नहीं माना जाना चाहिए।
कर्मचारियों की जेब में असल में कितना पैसा आएगा, यह सिर्फ फिटमेंट फैक्टर पर निर्भर नहीं करेगा। इसके लिए नए पे-मैट्रिक्स (Pay Matrix), महंगाई भत्ते (DA), अन्य भत्तों और आयोग की अंतिम सिफारिशों को भी कैलकुलेट किया जाएगा।
पेंशनर्स के लिए भी साबित होगी संजीवनी
इस पूरे बदलाव का सीधा फायदा देश के लाखों पेंशनभोगियों को भी मिलेगा। दरअसल, पेंशन और रिटायरमेंट से जुड़े तमाम लाभ बेसिक सैलरी से ही तय होते हैं। ऐसे में अगर फिटमेंट फैक्टर बढ़ता है, तो पेंशनर्स के खाते में भी हर महीने मोटी रकम आएगी।
फिलहाल, गेंद आठवें वेतन आयोग के पाले में है। कर्मचारी संगठनों ने अपना दांव चल दिया है, लेकिन असल तस्वीर तभी साफ होगी जब आयोग सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपेगा। तब तक कर्मचारियों और पेंशनर्स को इस उम्मीद के साथ इंतजार करना होगा कि उनके लिए वेतन वृद्धि का कौन सा पिटारा खुलता है।
