Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    झंडेवाला मंदिर के पास MCD ने ढहाया खतरनाक ढांचा, बन सकता था मुसीबत; धार्मिक स्थलों को नही पहुंचा नुकसान

    Updated: Sun, 30 Nov 2025 03:54 AM (IST)

    दिल्ली नगर निगम (MCD) ने झंडेवाला मंदिर के नजदीक एक खतरनाक ढांचे को ध्वस्त कर दिया। जर्जर हालत में होने के कारण यह ढांचा किसी भी समय गिर सकता था, जिससे बड़ा हादसा हो सकता था। MCD ने कार्रवाई से पहले आसपास के धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित की, जिससे किसी भी प्रकार की क्षति से बचाव हुआ। इस त्वरित कार्रवाई से एक संभावित खतरे को टाला गया।

    Hero Image

    झंडेवाला स्थित मंदिर दरगाह बाबा श्री पीर रतन नाथ जी के अंदर बुलडोजर द्वारा की जा रही कार्यवाही का विरोध करते श्रद्धालु। जागरण

    जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। झंडेवाला देवी मंदिर के पास खतरनाक हो चुके ढांचे को डीडीए के आग्रह पर एमसीडी ने गिरा दिया है। मंदिर दरगाह बाबा श्री पीर रतन नाथ जी का मंदिर झंडेवाला देवी मंदिर के पास बना हुआ है। बताया जाता है कि यहां पर पाकिस्तान से आए सिंध समाज के लोग आते हैं।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    हालांकि न तो झंडेवाला देवी मंदिर और न ही दरगाह बाबा श्री पीर रतन नाथ जी को कोई नुकसान पहुंचा है। यहां पर मौजूद चार हजार गज में बने खतरनाक ढांचे को गिराया है।

    एमसीडी के अधिकारी ने बताया हमारे डीडीए से आग्रह आया था। ग्रीन बेल्ट पर अतिक्रमण किया हुआ था। साथ ही वह ढांचे खतरनाक हो चुके थे। इसके लिए एमसीडी ने दो यूनिट और डीडीए ने एक यूनिट को पहले ही खाली करने के लिए नोटिस दिया हुआ था।

    पहले ही लोगों को किया गया था शिफ्ट

    डीडीए ने पहले ही यहां रह रहे लोगों को दूसरे स्थान पर स्थानांतरित कर दिया है। फिर भी लोगों ने अवैध तरीके से अतिक्रमण कर रखा है। वह हटने के लिए तैयार नहीं थे। साथ ही डीडीए के साथ दूसरी जगह स्थानातंरित करने की कार्रवाई को भी पूरा नहीं किया। कोई भी धार्मिक ढांचा नहीं तोड़ा गया है।

    हालांकि मौके पर पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच यह कार्रवाई हुई। कुछ लोगों ने इस कार्रवाई का विरोध भी किया। क्योंकि उन्हें लग रहा था झंडेवाला देवी मंदिर और न ही दरगाह बाबा श्री पीर रतन नाथ जी का मंदिर तोड़ा जा रहा है। यह भूमि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के केशव कुंज कार्यालय के भी नजदीक है।

    इमारत बन सकती थी खतरा

    अधिकारियों का कहना था इमारत इतकी खतरनाक होने के बाद लोग यहां रह रहे थे। जो कि जान माल के लिए खतरा था। इसलिए यह कार्रवाई की गई है। वहीं, पहाड़गंज वार्ड से पार्षद मनीष चड्डा ने कहा कि आप के नेताओं ने मंदिर को नुकसान पहुंचाने की अफवाह फैलाई थी जो कि पूरी तरह से असत्य है। मंदिर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। केवल जो खतरनाक ढांचा था वह गिराया गया है।