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    करनाल में रोडवेज बस की टक्कर के बाद महिला को आया हार्ट अटैक, मौके पर CPR देकर नर्सिंग छात्रा ने बचाई जान

    Updated: Sat, 18 Jul 2026 11:07 PM (IST)

    करनाल में एक नर्सिंग छात्रा सोनाक्षी ने बस दुर्घटना के बाद हार्ट अटैक का शिकार हुई 65 वर्षीय महिला रोशनी देवी को सड़क पर सीपीआर देकर उसकी जान बचाई। ...और पढ़ें

    करनाल में नर्सिंग छात्रा ने सीपीआर से बचाई महिला की जान।

    करनाल में नर्सिंग छात्रा ने सीपीआर से बचाई महिला की जान।

    HighLights

    1. नर्सिंग छात्रा सोनाक्षी ने सड़क पर दिया सीपीआर

    2. बस दुर्घटना के बाद महिला को आया हार्ट अटैक

    3. डॉक्टरों ने सीपीआर को बताया जान बचाने का कारण

    जागरण संवाददाता, करनाल। एक नर्सिंग स्टूडेंट ने सड़क पर कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (सीपीआर) देकर एक महिला की सांसें लौटा दी। छात्रा करीब 2 मिनट तक महिला का सीना जोर-जोर से दबाती रही, जिससे महिला की फिर से पल्स चलने लगी। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है।

    जुंडला के समीप के लाडो धाम में बुधवार को कुरुक्षेत्र के ईशाकपुर निवासी रोशनी देवी (65) को हरियाणा रोडवेज की एक बस ने टक्कर मार दी थी। टक्कर लगते ही रोशनी को अचानक हार्ट अटैक आ गया।

    इसी दौरान गांधी क्कालेज की नर्सिंग स्टूडेंट सोनाक्षी भीड़ को देखकर वहां पहुंची तो देखा कि महिला को सांसें नहीं आ रही थी। सोनाक्षी ने तुरंत महिला को सीपीआर देना शुरू कर दिया। सोनाक्षी ने करीब 2 मिनट तक लगातार रोशनी को सीपाआर दिया। इसके बाद धीरे-धीरे उनकी सांसें चलने लगी।

    महिला के भाई सतपाल के अनुसार, इसके बाद एक गाड़ी में डालकर बहन को अस्पताल में भर्ती कराया। सोनाक्षी ने गाड़ी में बैठे-बैठे भी महिला को सीपीआर देना बंद नहीं किया। सोनाक्षी अस्पताल तक महिला के साथ ही रही।

    महिला का इलाज करनाल के ही एक निजी अस्पताल में चल रहा है।डाक्टरों ने बताया कि सीपीआर से ही रोशनी की जान बची है। जुंडला चौकी पुलिस को बस चालक के खिलाफ शिकायत दी है।

    नर्सिंग कॉलेज में पढ़ाई कर रही सोनाक्षी।

    करनाल के राहड़ा गांव की रहने वाली सोनाक्षी गांधी कॉलेज में बीएससी नर्सिंग की सेकेंड ईयर की छात्रा हैं। सोनाक्षी के पिता चनवा राम आर्म्ड फोर्स में सेवाएं दे चुके हैं। वह अभी हरियाणा पुलिस मधुबन में नौकरी करते हैं।

    सोनाक्षी के परिवार में माता-पिता के अलावा एक छोटा भाई भी है, जो 11वीं कक्षा में पढ़ाई कर रहा है। परिजनों का कहना है कि सोनाक्षी ने मेडिकल फील्ड में ही करिअर बनाना चाहती थी।

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