जम्मू-कश्मीर में दो आतंकी ढेर, तीसरे की तलाश जारी! ऑपरेशन सोहन अभी खत्म नहीं, उधमपुर में जंगल खंगाल रहे जवान
ऊधमपुर के मजालता में ऑपरेशन सोहन के तहत सुरक्षा बलों ने मुठभेड़ में दो आतंकियों को मार गिराया। मौके से ...और पढ़ें
HighLights
ऊधमपुर के मजालता में ऑपरेशन सोहन में दो आतंकी ढेर।
सुरक्षा बलों ने मौके से एम-4 कार्बाइन और गोला-बारूद बरामद किया।
तीसरे आतंकी की तलाश में व्यापक सर्च ऑपरेशन जारी है।
जागरण संवाददाता, ऊधमपुर। ऊधमपुर जिले की मजालता तहसील के ब्रत्तल-खुबन इलाके के जंगलों में ऑपरेशन सोहन चलाकर सुरक्षा बलों ने बुधवार रात हुई मुठभेड़ में दो आतंकियों को मार गिराया। दोनों आतंकियों के जैश-ए-मोहम्मद आतंकी संगठन से जुड़े होने की अपुष्ट जानकारी मिली है। सुरक्षा बलों ने दोनों आतंकियों के शव बरामद कर लिए हैं। मौके से एम-4 कार्बाइन राइफल सहित अन्य हथियार और गोला-बारूद भी बरामद हुआ है। मारे गए आतंकियों की पहचान अभी नहीं हो पाई है।
बताया जा रहा है कि सुरक्षा बलों के घेरे में तीन आतंकी फंसे थे। आशंका है कि तीसरा आतंकी भी मारा गया है अथवा घायल होकर छिपा है या फिर घेरा तोड़कर निकलने का प्रयास कर रहा है। क्षेत्र में अन्य आतंकियों की मौजूदगी की आशंका को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस, सेना और सीआरपीएफ के जवान तैनात हैं। तलाशी और निगरानी अभियान लगातार जारी है।
सर्च और सर्विलांस ऑपरेशन जारी
रात को शुरू हुई मुठभेड़ में दो आतंकियों के मारे जाने की पुष्टि करते हुए सेना की व्हाइट नाइट कोर ने गुरुवार को आधिकारिक बयान जारी किया। सेना ने बताया कि 16 और 17 सितंबर की मध्यरात्रि को खुफिया सूचना के आधार पर ब्रत्तल क्षेत्र में ऑपरेशन सोहन चलाया गया।
खराब मौसम, दुर्गम भूभाग और कम दृश्यता के बावजूद सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ ने संयुक्त आतंकवाद रोधी अभियान चलाया, जिसमें दो आतंकियों को मार गिराया गया। सेना के मुताबिक क्षेत्र में सर्च और सर्विलांस ऑपरेशन अभी जारी है।
घेराबंदी के दौरान 3 आतंकी फंसे
वहीं, सूत्रों का दावा है कि इलाके में सात से आठ आतंकियों के एक बड़े समूह की मौजूदगी की सूचनाओं के बाद सेना, एसओजी और सीआरपीएफ पिछले कुछ दिनों से लगातार निगरानी और तलाशी अभियान चला रहे थे। बुधवार रात खुबन इलाके में सुरक्षा बलों की घेराबंदी के दौरान तीन आतंकी फंस गए।
इसके बाद हुई भीषण मुठभेड़ के दौरान सुरक्षा बलों की ओर से रॉकेट लांचर से भी गोले दागे गए। रात में ही दो से तीन आतंकियों के मारे जाने की आशंका जताई जा रही थी।
स्थानीय इनपुट से सुरक्षा बलों को मिली मदद
इस बीच, ऊधमपुर ईस्ट के विधायक आरएस पठानिया ने इसे सुरक्षा बलों की बड़ी सफलता बताते हुए सेना, पुलिस, अर्धसैनिक बलों, खुफिया एजेंसियों और स्थानीय लोगों को बधाई दी।
उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की ओर से संदिग्ध गतिविधियों की सूचनाएं सुरक्षा बलों तक पहुंचाने की भी अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका रही। पठानिया के मुताबिक तीन आतंकियों की मौजूदगी की सूचना थी और तीसरे की तलाश की जा रही है।
