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कोडरमा बनेगा झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला, खुले में शौच मुक्त से लेकर अपशिष्ट प्रबंधन में सफलता

Published: Fri, 31 Jul 2026 06:16 PM (IST)Updated: Sat, 01 Aug 2026 02:23 PM (IST)

स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज-2 के तहत कोडरमा को झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला बनाने की दिशा में कार्य ...और पढ़ें

कोडरमा बनेगा झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला अगस्त तक लक्ष्य पूरा करने का निर्देश।

कोडरमा बनेगा झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला अगस्त तक लक्ष्य पूरा करने का निर्देश।

HighLights

  1. कोडरमा को पहला ओडीएफ प्लस जिला बनाने का लक्ष्य।

  2. अगस्त तक 100% कार्य पूरा करने का निर्देश दिया गया।

  3. स्वच्छता के साथ ठोस-तरल अपशिष्ट प्रबंधन पर जोर।

संवाद सूत्र, कोडरमा। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज-2 के तहत कोडरमा को झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला बनाने की दिशा में कार्य तेज कर दिए गए हैं। इसी क्रम में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की निदेशक रंजीता हेंब्रम और संयुक्त सचिव शशिन्द्र बड़ाइक ने शुक्रवार को कोडरमा पहुंचकर विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।

साथ ही विभिन्न पंचायतों के मुखिया और जल सहिया के साथ संवाद कर जमीनी स्तर पर चल रहे कार्यों की जानकारी ली। उरवां स्थित निरीक्षण भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में बताया गया कि ओडीएफ प्लस के तहत निर्धारित लक्ष्य का अब तक 71 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।

शेष 29 प्रतिशत कार्य अगस्त माह के भीतर शत-प्रतिशत पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके बाद कोडरमा को राज्य का पहला ओडीएफ प्लस जिला घोषित करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

इस अवसर पर पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता अनुज कुमार और सहायक अभियंता सूरज कुमार ने निदेशक एवं संयुक्त सचिव का स्वागत किया। बैठक में प्रोजेक्टर के माध्यम से विभिन्न पंचायतों में चल रहे कार्यों की समीक्षा की गई।

निदेशक रंजीता हेंब्रम ने अधूरे कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश देते हुए ग्राम स्तर पर स्वच्छता तथा ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पंचायती राज, ग्रामीण विकास और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

उन्होंने ग्रामीणों को व्यक्तिगत घरेलू शौचालयों के नियमित उपयोग एवं रखरखाव के प्रति जागरूक करने तथा अब तक वंचित परिवारों को स्वयं शौचालय निर्माण के लिए प्रेरित करने का भी निर्देश दिया।

समीक्षा बैठक के बाद निदेशक और संयुक्त सचिव ने पंचायत प्रतिनिधियों एवं जल सहिया के साथ संवाद कर ओडीएफ प्लस के अधूरे कार्यों में आ रही समस्याओं की जानकारी ली और उनके शीघ्र समाधान का भरोसा दिलाया। प

त्रकारों से बातचीत में निदेशक रंजीता हेंब्रम ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज-2 के तहत ओडीएफ प्लस के कार्यों में कोडरमा पूरे राज्य में अग्रणी है। इसे झारखंड का पहला ओडीएफ प्लस जिला बनाकर मॉडल जिला के रूप में विकसित किया जाएगा, ताकि अन्य जिले भी इसका अनुसरण कर सकें।

उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की समय-सीमा दिसंबर 2026 तक निर्धारित है, इसलिए सभी कार्यों को समय पर पूरा करना प्राथमिकता है। कार्यक्रम में शामिल पंचायत प्रतिनिधियों और जल सहिया ने भी शेष कार्यों को शीघ्र पूरा कर कोडरमा को राज्य का पहला ओडीएफ प्लस जिला बनाने में पूर्ण सहयोग देने की प्रतिबद्धता जताई।

स्वच्छता के साथ बेहतर अपशिष्ट प्रबंधन होगी पहचान

स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत ओडीएफ प्लस गांव वह माना जाता है, जो खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) की स्थिति को बनाए रखने के साथ-साथ ठोस और तरल अपशिष्ट का वैज्ञानिक एवं प्रभावी प्रबंधन भी करता हो।

ऐसे गांव पूरी तरह स्वच्छ और व्यवस्थित दिखाई देते हैं। सार्वजनिक स्थानों पर कूड़े का ढेर, गंदा पानी या प्लास्टिक कचरा नहीं होता। जल निकासी की बेहतर व्यवस्था के साथ कचरा संग्रहण और निष्पादन की समुचित प्रणाली विकसित की जाती है।

गांव के सभी घरों, स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालयों का नियमित उपयोग सुनिश्चित किया जाता है। स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए गांव में विभिन्न स्थानों पर स्वच्छता संबंधी संदेश भी प्रदर्शित किए जाते हैं।