Trending

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    नीट पेपर लीक में बड़ा एक्शन: लातूर का डॉक्टर और पुणे का कोचिंग मालिक गिरफ्तार, महाराष्ट्र तक फैले तार

    Updated: Thu, 28 May 2026 12:07 AM (IST)

    सीबीआई ने नीट-यूजी प्रश्नपत्र लीक मामले में लातूर के एक बाल रोग विशेषज्ञ और पुणे स्थित एक कोचिंग संस्थान के फिजिक्स टीचर को गिरफ्तार किया है। अधिकारिय ...और पढ़ें

    preferred source google
    News Article Hero Image

    नीट पेपर लीक में अब लातूर का डॉक्टर व पुणे के कोचिंग सेंटर का मालिक गिरफ्तार (सांकेतिक तस्वीर)

    HighLights

    1. डॉक्टर शिरुरे और तेजस के पकड़े जाने के साथ ही अब तक 13 गिरफ्तार

    2. तेजस पुणे के कोचिंग संस्थान एपीएमए का है मालिक, फिजिक्स पढ़ाता है 

    पीटीआई, नई दिल्ली। सीबीआई ने नीट-यूजी प्रश्नपत्र लीक मामले में लातूर के एक बाल रोग विशेषज्ञ और पुणे स्थित एक कोचिंग संस्थान के फिजिक्स टीचर को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।

    जांच एजेंसी ने लातूर से डॉ. मनोज शिरुरे को गिरफ्तार किया है। उस पर आरोप है कि उसने तीन छात्रों को नीट का प्रश्न पत्र तैयार करने वाले पीवी कुलकर्णी से केमिस्ट्री के प्रश्न दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

    इनमें रेनुकाई कैमिस्ट्री क्लासेस (आरसीसी) के संस्थापक शिवराज मोटेगांवकर का बेटा भी शामिल है। लातूर में आरसीसी का संचालन करने वाले मोटेगांवकर को सीबीआइ ने पिछले दिनों गिरफ्तार किया गया था।

    अधिकारियों ने बताया कि पुणे स्थित डॉ. अभंग प्रभु मेडिकल एकेडमी (एपीएमए) के फिजिक्स के शिक्षक तेजस हर्षदकुमार शाह को भी गिरफ्तार किया गया है।

    शाह को पूर्व में गिरफ्तार आरोपित मनीषा हवलदार से नीट-यूजी 2026 के फिजिक्स के लीक प्रश्न मिले थे। इसके साथ ही प्रश्नपत्र लीक मामले में अब तक गिरफ्तार लोगों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है।

    सीबीआई के प्रवक्ता ने कहा- "इस मामले में पूरी साजिश और उससे जुड़े नेटवर्क का पता लगाने के लिए जांच जारी है।" अब तक 49 स्थानों पर छापेमारी की गई है और कई आपत्तिजनक दस्तावेज, लैपटाप तथा मोबाइल जब्त किए हैं।

    दोनों आरोपित पांच दिन के पुलिस रिमांड पर भेजे गएजागरण संवाददाता के अनुसार, गिरफ्तार लातूर के बाल रोग विशेषज्ञ डा. मनोज शिरुरे और फिजिक्स के शिक्षक तेजस हर्षदकुमार को राउज एवेन्यू मजिस्ट्रेट अदालत ने बुधवार को पांच दिन के सीबीआई रिमांड पर भेज दिया।

    सीबीआई ने दोनों आरोपितों को ड्यूटी मेट्रोपालिटन मजिस्ट्रेट के तौर पर काम कर रहे विशेष न्यायाधीश विद्या प्रकाश के समक्ष पेश किया। उधर, इस मामले के मुख्य आरोपित पीवी कुलकर्णी और एक अन्य आरोपित शिवराज रघुनाथ को अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।