'बच्चों से झूठ मत बोलिए', जंतर-मंतर प्रोटेस्ट में लाठीचार्ज पर राहुल गांधी का सरकार पर तंज
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू के बयान पर राहुल गांधी ने दिल्ली छात्र विरोध प्रदर्शन में पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला।

दिल्ली में हुए छात्र प्रदर्शन पर राहुल गांधी पर सरकार का तंज (फोटो-पीटीआई)
HighLights
राहुल गांधी ने दिल्ली छात्र विरोध प्रदर्शन पर सरकार को घेरा।
मंत्री रिजिजू के चोट न लगने के दावे को राहुल ने नकारा।
राहुल ने कहा, सरकार झूठ और हिंसा पर आधारित है।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने दावा किया था कि दिल्ली में जुलाई में हुए छात्र विरोध प्रदर्शनों के दौरान किसी भी छात्र को गंभीर चोट नहीं आईं। इस पर राहुल गांधी ने सरकार पर तीखा हमला बोला है।
राहुल गांधी ने कहा, 'सरकार की झूठ बोलने की कोशिशें काम नहीं करेंगी, क्योंकि छात्रों के पास भी आंखें और याददाश्त होती है।'
राहुल गांधी ने सरकार पर साधा निशाना
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'मोदी सरकार के मंत्री कह रहे हैं कि दिल्ली पुलिस की तारीफ होनी चाहिए।'
राहुल गांधी ने सवाल पूछते हुए आगे लिखा, 'संसद से आधे किलोमीटर की दूरी पर, शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पैलेट गन चलाई गईं, कीलें लगी लाठियों का इस्तेमाल किया गया। एक बच्चे की आंख चली गई और एक लड़की का कान कट गया। क्या हमें इस बर्बरता की तारीफ करनी चाहिए?'
राहुल गांधी ने आगे बताया, 'मैं खुद उन घायल बच्चों से मिला हूं। देश ने हजारों वीडियो देखे हैं। इस सरकार का मूल मंत्र झूठ और हिंसा है। पहले बच्चों को लाठियों से पीटो, फिर दावा करो कि कुछ हुआ ही नहीं।'
कांग्रेस नेता ने आगे लिखा, पूरे सत्र के दौरान, गायब रहे अमित शाह विपक्ष से बचते रहे और प्रधानमंत्री ने आज तक छात्रों से माफी नहीं मांगी है।'
राहुल गांधी ने सरकार पर निशाना साधते हुए लिखा, 'सच तो यह है कि इस देश के लिए सबसे बड़ा खतरा ऐसे नासमझ लोगों से है, जो न तो अपनी गलतियां देखते हैं और न ही गलती होने पर उन्हें मानते हैं। इस देश के बच्चों से झूठ मत बोलिए। उनके पास भी आंखें और याददाश्त है।'
'किसी की हड्डी नहीं टूटी'
न्यूज एजेंसी एएनआइ को दिए एक इंटरव्यू में, अल्पसंख्यक मामलों और संसदीय मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू से बिहार के सिवान में विरोध प्रदर्शन के दौरान एक पुलिसकर्मी द्वारा AK-47 से गोली चलाने की घटना के बारे में पूछा गया था।
किरेन रिजिजू ने कहा, 'देखिए, मैं यह बात इसलिए बार-बार दोहरा रहा हूं ताकि आपके और लोगों के मन में यह बात पूरी तरह साफ हो जाए। एक भी व्यक्ति की मौत नहीं हुई, किसी की हड्डी नहीं टूटी। किसी भी प्रदर्शनकारी को गंभीर चोट के कारण अस्पताल में भर्ती नहीं कराया गया।'
रिजिजि ने आगे कहा, 'इतना बड़ा प्रदर्शन - हजारों लोग शामिल हुए। छात्रों की आड़ में बहुत सारे अपराधी भी इसमें शामिल हो गए। आधे से ज्यादा लोग, चाहे वे आम आदमी पार्टी के हों, डफली बजाने वाले हों, भीम आर्मी के हों या समाजवादी पार्टी के - इतने सारे लोग आए और भीड़ को हिंसा के लिए उकसाया। फिर भी, एक भी मौत नहीं हुई।'
मंत्री ने आगे कहा, 'जब कांग्रेस सत्ता में थी, तब ऐसे प्रदर्शनों के दौरान हजारों लोग मारे गए थे और दिल्ली पुलिस तारीफ की हकदार है।'
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