मलकानगिरी हिंसा पीड़ितों के लिए ओडिशा सरकार ने किया मुआवजे का एलान, 4.65 करोड़ रुपए की मंजूरी
ओडिशा सरकार ने मलकानगिरी जिले में पिछले साल दिसंबर में हुए आदिवासी-बंगाली झड़प के पीड़ितों के लिए 4.65 करोड़ रुपये से अधिक के मुआवजे को मंजूरी दी है। ...और पढ़ें


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पीटीआई, भुवनेश्वर। ओडिशा सरकार ने मलकानगिरी जिले में हिंसा प्रभावित परिवारों के लिए मुआवजे के तौर पर 4.65 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की है। एक अधिकारी ने बताया कि कुल मुआवजे में से 20 लाख रुपये उस महिला के परिजनों को दिए जाएंगे, जिसकी पिछले साल दिसंबर में जिले में आदिवासियों और बंगाली बस्तियों के बीच हुई झड़प में मृत्यु हो गई थी।
अधिकारी ने कहा कि मलकानगिरी के जिला कलेक्टर को मुख्यमंत्री राहत कोष से 4.65 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय सहायता प्राप्त हुई है, जिसे पिछले साल दिसंबर में मलकानगिरी में हुई झड़प में अपने घर और संपत्ति खोने वाले लोगों में वितरित किया जाएगा।
दंडकारण्य परियोजना के तहत बनी बंगाली बस्ती एमवी-26 में आदिवासियों और आदिवासियों के बीच हुई झड़प में कोया समुदाय की 51 वर्षीय महिला की मृत्यु हो गई और लगभग 200 घर और दुकानें जला दी गईं। जिला कलेक्टर को लिखे एक आधिकारिक पत्र में कहा गया है कि कुल राशि में मलकानगिरी जिले के मारीवाड़ा ग्राम पंचायत के राखेलगुडा गांव की दिवंगत लेक पोडियामी के परिजनों को दी जाने वाली 20 लाख रुपये की अनुग्रह राशि शामिल है।
अधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार के आकलन के अनुसार, घरेलू सामान, पालतू जानवरों और वाहनों की क्षति के लिए 3.34 करोड़ रुपये और दुकानों, घरों और अन्य इमारतों की क्षति के लिए 1.10 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
जमीन को लेकर लंबे समय से चल रहा था विवाद
झड़प के बाद 1,000 से अधिक बंगाली निवासी क्षेत्र छोड़कर भाग गए, जिसके कारण प्रशासन को निषेधाज्ञा लागू करनी पड़ी और 8 दिसंबर, 2025 को 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं निलंबित करनी पड़ीं। यह झड़प स्थानीय आदिवासियों और बंगाली निवासियों के बीच जमीन को लेकर लंबे समय से चले आ रहे विवाद के कारण हुई थी।
इस बीच, एक अन्य अधिकारी ने बताया कि बंगाली निवासियों का प्रतिनिधित्व करने वाले मलकानगिरी बंगाली समाज ने धन जुटाकर हिंसा प्रभावित लोगों में 1.1 करोड़ रुपये वितरित किए हैं। इसने उस आदिवासी महिला के परिजनों को 1 लाख रुपये भी दिए हैं, जिसकी कथित तौर पर एक बंगाली निवासी ने हत्या कर दी थी। आरोपी फिलहाल जेल में है।
मलकानगिरी बंगाली समाज के अध्यक्ष गौरांग कर्माकर ने रविवार को वित्तीय सहायता वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कहा, "हमने सद्भाव से रहने का फैसला किया है और प्रभावित लोगों में 11 लाख रुपये वितरित किए गए हैं।
बंगाली समाज ने मृतक आदिवासी महिला के परिजनों को 1 लाख रुपये भी दान किए हैं।" कर्माकर ने बताया कि यह धनराशि मलकानगिरी जिले के 213 गांवों के निवासियों और कुछ धर्मार्थ संगठनों से एकत्रित की गई थी।
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