5 साल से नहीं मिला सरकारी आवास, टूटी दीवारों को पुरानी साड़ी से ढककर गुजर रहा एक गरीब परिवार का जीवन
राजगांगपुर के कुतरा ब्लॉक के आम्बगोभा गांव में एक गरीब परिवार विजय बाग पिछले 5-7 सालों से सरकारी आवास योजना से वंचित है। ...और पढ़ें

5 साल से नहीं मिला सरकारी आवास

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
संवाद सूत्र, राजगांगपुर। राजगांगपुर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत कुतरा ब्लॉक के आम्बगोभा गांव से एक मार्मिक मामला सामने आया है, जहां एक गरीब परिवार वर्षों से सरकारी आवास योजना का लाभ पाने से वंचित है और जर्जर घर में रहने को मजबूर है। करीब 5 से 7 वर्षों से लगातार आवेदन करने के बावजूद अब तक परिवार को कोई सहायता नहीं मिल सकी है।
गांव के निवासी विजय बाग अपनी पत्नी लक्ष्मी बाग और चार बच्चों के साथ अत्यंत दयनीय स्थिति में जीवन बिता रहे हैं। विजय बाग दिहाड़ी मजदूरी कर किसी तरह परिवार का पालन-पोषण करते हैं, जबकि उनकी पत्नी जंगल से लकड़ी और अन्य वन उत्पाद लाकर घर चलाने में सहयोग करती हैं।
जर्जर मिट्टी के घर में रह रहा छह सदस्यीय परिवार
छह सदस्यीय यह परिवार एक जर्जर मिट्टी के घर में रह रहा है, जिसकी छत टूटी हुई एस्बेस्टस से बनी है। बारिश के समय छत से जगह-जगह पानी टपकता है, जिससे घर में रहना मुश्किल हो जाता है। हालात इतने खराब हैं कि परिवार को बारिश और तेज हवा से बचाव के लिए घर के चारों ओर पुरानी साड़ियां लपेटनी पड़ती हैं।
एक ही कमरे में खाना बनाना, खाना और सोना—सभी कार्य किए जाते हैं। आर्थिक तंगी के कारण परिवार के बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। बड़ी बेटी रोजगार की तलाश में बेंगलुरु चली गई है, बड़ा बेटा स्थानीय दुकान में काम करता है, जबकि दो छोटे बेटे स्कूल में पढ़ाई कर रहे हैं।
कई बार आवास योजना के लिए आवेदन
परिवार ने कई बार आवास योजना के तहत घर के लिए आवेदन किया, लेकिन अब तक कोई लाभ नहीं मिला। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से इस जरूरतमंद परिवार को शीघ्र आवास उपलब्ध कराने की मांग की है।
इस संबंध में कुतरा के बीडीओ गोपीनाथ खाखा ने बताया कि मामले की जानकारी मिली है। जांच के बाद पीड़ित परिवार को अंत्योदय आवास योजना के तहत घर उपलब्ध कराने के लिए प्रस्ताव भेजा जाएगा।
अब सवाल यह उठता है कि आखिर कब प्रशासन इस परिवार की स्थिति पर गंभीरता से ध्यान देगा और कब इस गरीब परिवार का पक्का घर का सपना साकार होगा।
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