चंडीगढ़ में Ola और InDrive के बाद अब Uber-Rapido पर भी बैन, छह माह के लिए लाइसेंस निलंबित
चंडीगढ़ प्रशासन ने ओला और इंड्राइव के बाद अब उबर और रैपिडो के एग्रीगेटर लाइसेंस छह महीने के लिए निलंबित ...और पढ़ें

नियमों और लाइसेंस की शर्तों के उल्लंघन की शिकायतों के बाद उबर और रैपिडो पर गिरी गाज। (सांकेतिक फोटो)
HighLights
उबर और रैपिडो के लाइसेंस छह माह के लिए निलंबित।
एसटीए ने नियमों के उल्लंघन पर की कार्रवाई।
चंडीगढ़ में ऐप आधारित टैक्सी सेवाओं पर शिकंजा।
जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। चंडीगढ़ में एप आधारित कैब और बाइक टैक्सी सेवाएं संचालित करने वाली कंपनियों पर प्रशासन ने शिकंजा कसा है। ओला और इंड्राइव के बाद अब उबर और रैपिडो का एग्रीगेटर लाइसेंस छह महीने के लिए निलंबित कर दिया गया है।
यह आदेश एसटीए सचिव एवं लाइसेंसिंग अथॉरिटी नितिश सिंगला ने जारी किया है। कैब और टैक्सी चालकों के करीब 100 दिन से चल रहे धरने और 15 दिन की भूख हड़ताल के बीच स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (एसटीए) ने यह फैसला लिया है।
एसटीए के आदेश के अनुसार उबर इंडिया सिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड और रोपेन ट्रांसपोर्टेशन सर्विसेज (रैपिडो) के खिलाफ नियमों और लाइसेंस की शर्तों के उल्लंघन की शिकायतें मिली थीं।
कंपनियों को कई बार नोटिस देकर अनुपालन का अवसर दिया गया, लेकिन संतोषजनक जवाब और जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए। आदेश में गैर-व्यावसायिक वाहनों के संचालन समेत अन्य उल्लंघनों का भी उल्लेख है।
