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कन्नौज में प्रभात फेरी में जय भीम नारे लगाने से रोका, तो शिक्षक से आंबेडकर मूर्ति के छुआए पैर

Updated: Sun, 16 Aug 2026 11:16 PM (IST)

कन्नौज में स्वतंत्रता दिवस की प्रभात फेरी में 'जय भीम' के नारे लगाने पर शिक्षक ने छात्रों को रोका। इसके बाद ग्रामीणों ने शिक्षक को रोककर आंबेडकर प्रतिमा के पैर छुआए और माफी मंगवाई, जिसका वीडियो वायरल हुआ।

नारेबाजी करते छात्र व आंबेडकर मूर्ति के पैर छुआने शिक्षक को ले जाती महिला। स्रोत इंटरनेट मीडिया

नारेबाजी करते छात्र व आंबेडकर मूर्ति के पैर छुआने शिक्षक को ले जाती महिला। स्रोत इंटरनेट मीडिया

-नीले रंग के झंडे लेकर नारेबाजी और शिक्षक के पैर छुआते हुए इंटरनेट मीडिया पर वीडियो प्रचलित
-स्वतंत्रता दिवस समारोह संपन्न होने पर घर जा रहे शिक्षक को रोककर ग्रामीणों ने जताया था विरोध
जागरण संवाददाता, कन्नौज: स्वतंत्रता दिवस पर निकाली गई प्रभात फेरी में शामिल कुछ छात्रों ने हाथों में नीला झंडा लेकर जय भीम के नारे लगाना शुरू कर दिया। स्थानीय लोगों के विरोध पर शिक्षक ने छात्राओं से नीले झंडों को कालेज में रखवा दिया। इस पर छात्रों और शिक्षक के बीच नोकझोंक होने लगी। प्रभात फेरी से निकल कर गांव पहुंचे छात्रों ने इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी। स्कूल में छुट्टी के बाद घर जाते समय ग्रामीणों ने शिक्षक का रास्ता रोक लिया। इसके बाद बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के पैर छुआए। इंटरनेट मीडिया पर नारेबाजी और शिक्षक के पैर छूते हुए का वीडियो भी प्रचलित हुआ है।
शनिवार को स्वतंत्रता दिवस के मौके पर जनता इंटर कालेज मुर्रा में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। सुबह प्रधानाचार्य प्रवीण कुमार, शिक्षकों और गणमान्य लोगों की मौजूदगी में छात्र-छात्राओं ने प्रभात फेरी निकाली। प्रभात फेरी में कालेज के ही कुछ छात्र हाथों में नीले झंडे लेकर जय भीम के नारे लगाने लगे। मौजूद स्थानीय लोगों ने शिक्षकों से कहा कि आज 15 अगस्त है। इससे तिरंगा के साथ राष्ट्र पर्व पर आधारित नारे लगने चाहिए। इस दौरान एक शिक्षक ने छात्रों से नीले झंडों को कालेज में रखवा कर तिरंगा लेकर चलने को कहा, तो छात्रों ने नोकझोंक शुरू कर दी। कुछ छात्र नाराज होकर प्रभात फेरी छोड़कर अपने गांव मुखड़ा लौट गए। ग्रामीणों और अभिभावकों से उन्होंने शिक्षक पर अभद्रता करने की बात कही। इससे ग्रामीणों ने नाराजगी जताई। स्कूल की छुट्टी के बाद शिक्षक मुखड़ा गांव से होते हुए घर जा रहे थे, तभी कुछ ग्रामीण और महिलाओं ने उनका रास्ता रोककर विरोध किया। इसके बाद महिलाओं ने शिक्षक को ले जाकर आंबेडकर मूर्ति के पैर छुआते हुए माफी मंगवाई। शिक्षक ने भी ग्रामीणों से कहा कि कालेज में 14 अप्रैल को बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की जयंती भी धूमधाम से मनाई जाती है। राष्ट्रीय पर्व के मौके पर बाबा साहब को भी हर कोई नमन करता है। वहीं प्रधानाचार्य प्रवीण कुमार ने बताया कि प्रभात फेरी हर्षोल्लास के साथ निकाली गई। किसी तरह के विरोध की कोई बात सामने नहीं आई है।