बागेश्वर-गरुड़ मार्ग पर रवाईखाल में पहाड़ दरका, एंबुलेंस सहित सैंकड़ों वाहन जाम में फंसे
बागेश्वर-गरुड़ मोटर मार्ग सोमवार सुबह रवाईखाल के पास पहाड़ दरकने से तीन घंटे से अधिक समय से बाधित है। सैकड़ों ...और पढ़ें
HighLights
बागेश्वर-गरुड़ मार्ग रवाईखाल के पास पहाड़ दरकने से बाधित।
सुबह छह बजे से मार्ग बंद, तीन घंटे से अधिक यातायात ठप।
एंबुलेंस सहित सैकड़ों वाहन फंसे, लोडर मशीन की देरी से नाराजगी।
जागरण संवाददाता, बागेश्वर। बागेश्वर-गरुड़ मोटर मार्ग सोमवार सुबह करीब छह बजे रवाईखाल के पास पहाड़ दरकने से बाधित हो गया। सुबह नौ बजे तक करीब तीन घंटे गुजरने के बावजूद मार्ग नहीं खुल पाया। जिला मुख्यालय से महज आठ से दस किलोमीटर की दूरी पर मुख्य मोटर मार्ग के बाधित होने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई है।एंबुलेंस समेत कर्मचारी, टैक्सी, अखबार की गाड़ियां और दूध सहित आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहन भी जाम में फंस गए हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रवाईखाल में पहाड़ लगातार दरक रहा है, जिससे मार्ग खोलने में दिक्कत आ रही है। मौके पर बीआरओ के कर्मचारी मौजूद हैं, लेकिन सुबह करीब नौ बजे तक मलबा हटाने के लिए लोडर मशीन मौके पर नहीं पहुंच पाई थी। इससे लोगों में सिस्टम की तैयारियों को लेकर नाराजगी है।
तीन घंटे से बंद बागेश्वर-गरुड़ मार्ग, रवाईखाल में पहाड़ दरकने से लगा जाम
स्थानीय लोगों का कहना है कि आपदा की दृष्टि से संवेदनशील रवाईखाल में पूर्व में हुई बैठकों में भी एक लोडर मशीन तैनात रखने के निर्देश दिए गए थे, ताकि मार्ग बंद होने की स्थिति में तत्काल यातायात सुचारु किया जा सके। इसके बावजूद सोमवार सुबह मार्ग बंद होने के करीब तीन घंटे बाद भी लोडर मशीन मौके पर नहीं पहुंचने से व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
फंसीं सैकड़ों गाड़ियां, एंबुलेंस समेत यात्री परेशान
मार्ग बंद होने से एक एंबुलेंस भी करीब डेढ़ घंटे तक जाम में फंसी रही। मुख्य मार्ग होने के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई है। सुबह स्कूल और कार्यालय जाने का समय होने से कर्मचारी भी रास्ते में फंस गए। टैक्सी और निजी वाहनों के साथ अखबार की गाड़ियां तथा दूध की सप्लाई लेकर जा रहे वाहन भी प्रभावित हुए हैं।
