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    हिमाचल में आपदा से 500 स्कूल क्षतिग्रस्त, शिक्षा मंत्री ने निर्माण को लेकर तय किए नियम, PWD नहीं अब हिमुडा बनाएगा भवन

    Himachal Pradesh Disaster हिमाचल प्रदेश सरकार ने फैसला किया है कि प्राकृतिक आपदाओं से स्कूलों को बचाने के लिए अब नदी-नालों के पास स्कूल नहीं बनाए जाएंगे। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि निर्माण कार्य हिमुडा करेगा क्योंकि पहले पीडब्लयूडी का काम धीमा था। प्रदेश में आपदा से करीब 500 स्कूल क्षतिग्रस्त हुए हैं

    By Mukesh Kumar Edited By: Rajesh Kumar Sharma Updated: Tue, 12 Aug 2025 04:03 PM (IST)
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    शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर सराज में क्षतिग्रस्त स्कूल भवन के निरीक्षण के दौरान।

    संवाद सहयोगी, थुनाग (मंडी)। Himachal Pradesh Disaster, हिमाचल प्रदेश में प्राकृतिक आपदा से स्कूलों को बार-बार क्षति न हो, इसके लिए इनका निर्माण अब नदी-नालों के पास नहीं होगा। स्कूल भवन के लिए स्थान तय करने की जिम्मेदारी उपनिदेशकों और बीपीईओ की होगी। साथ ही स्कूलों का निर्माण अब लोक निर्माण विभाग के बजाय हिमुडा से करवाया जाएगा। लोक निर्माण विभाग से नहीं। यह बात शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने जिला मंडी के सराज में आपदा से क्षतिग्रस्त स्कूलों का दौरा करने के बाद कही।

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    अपने सराज दौरे के दौरान शिक्षा मंत्री ने कहा कि प्रदेश में आपदा के दौरान 500 के करीब स्कूल क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसमें 109 ऐसे हैं, जो पूरी तरह से तबाह हो गए हैं। अकेले मंडी में 29 स्कूल पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हैं, जिसमें से 22 स्कूल अकेले सराज में हैं।

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    नए भवन बनाने के लिए और उपनिदेशक और बीपीइओ यह तय करेंगे कि भवन नदी-नाले या आपदा प्रभावित क्षेत्र के पास न हो। हिमुडा एक वर्ष में निर्माण कार्य को पूरा करेगा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 की आपदा में भी 37 करोड़ की राशि पीडब्लयूडी को दी थी, जिसमें 11 करोड़ मंडी को दिए थे, लेकिन पीडब्लयूडी के काम की गति धीमी होने के कारण इस बार हिमुडा को देने का निर्णय लिया है।

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    सितंबर तक कागजी कार्रवाई पूरी कर जारी होगा पैसा

    सितंबर तक कागजी कार्रवाई पूरी होते ही, पैसा जारी हो जाएगा। जो स्कूल अब भी नदी नालों के पास हैं, अगर आवश्यक हुआ तो उनके आसपास स्थित भवनों में शिफ्ट किए जा सकते हैं। उन्होंने निहरी स्कूल का उदाहरण दिया कि निहरी स्कूल का भवन क्षतिग्रस्त होने पर उसे अब वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय निहरी में चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि लम्बाथाच कालेज में रिक्त चल रहे पदों को भी जल्द भरा जाएगा।

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    क्षतिग्रस्त भवनों का मंत्री ने किया निरीक्षण

    शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने 11 बजे के करीब थुनाग पहुंचे। उन्होंने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लम्बाथाच, डिग्री कालेज लम्बाथाच, राजकीय प्राथमिक विद्यालय भेखली और निहरी सुनाह का निरीक्षण किया। उनके साथ कांग्रेस नेता जगदीश रेड्डी व चेतराम ठाकुर भी मौजूद रहे।

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