Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Indian Army Day 2026: 78वां सेना दिवस आज किया जा रहा सेलिब्रेट, केएम कारियप्पा बने थे आजाद देश के पहले कमांडर इन चीफ

    Updated: Thu, 15 Jan 2026 09:18 AM (IST)

    15 जनवरी के दिन को प्रतिवर्ष देशभर में सेना दिवस (Indian Army Day) के रूप में सेलिब्रेट किया जाता है। इस बार भारतीय सेना का 78वां सेना दिवस मनाया जा र ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    Indian Army Day 2026 (image - freepik)

    एजुकेशन डेस्क, नई दिल्ली। हमारे देश में प्रतिवर्ष 15 जनवरी को सेना दिवस यानी कि Indian Army Day के रूप में सेलिब्रेट किया जा रहा है। इस वर्ष देश में 78वां सेना दिवस सेलिब्रेट किया जा रहा है। आपको बता दें कि भारतीय सेना दिवस पहली बार 15 जनवरी 1949 को मनाया गया था जब तत्कालीन ब्रिटिश जनरल सर फ्रांसिस रॉय बुचर की जगह भारत के पहले कमांडर इन चीफ फील्ड मार्शल कोडंडेरा मडप्पा कारियाप्पा को नियुक्त किया गया था।

    78वां सेना दिवस की जयपुर में परेड

    सेना दिवस पर प्रतिवर्ष सेना की ओर से परेड का आयोजन होता है जिसमें भारतीय सेना के शौर्य, साहस का परिचय प्रदर्शनी के जरिये करवाया जाता है। इस वर्ष की परेड राजस्थान के जयपुर में आयोजित की जाएगी। अब तक यह चौथा मौका है जब दिल्ली के बाहर परेड का आयोजन किया जा रहा है। परेड का आयोजन जयपुर के जगतपुरा स्थित महल रोड पर होगी। इस बार परेड आम नागरिकों के बीच सैन्य छावनी से बाहर आयोजित हो रही है जिसका उद्देश्य सेना और जनता के बीच जुड़ाव गहरा करने का है।

    इस बार की परेड में भारत के उन्नत हथियारों की प्रदर्शनी, लाइट एंड साउंड शो तथा एनसीसी कैडेट्स, भैरव बटालियन, संजय रोबोट, लद्दाख स्काउट्स की परेड के साथ ही अपाचे हेलीकॉप्टरों का फ्लाईपास्ट, ब्रह्मोस मिसाइल सहित अन्य हथियार प्रदर्शनी में भाग लेंगे। परेड के मुख्य अथिति रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह होंगे।

    क्यों मनाया जाता है सेवा दिवस

    सेना दिवस 1949 में लेफ्टिनेंट जनरल के. एम. कारियप्पा के पहले भारतीय सेना प्रमुख बनने की याद में मनाया जाता है। फील्ड मार्शल कोडंडेरा माधैया करियप्पा भारतीय सेना की कमान संभालने वाले पहले कमांडर इन चीफ थे। जो स्वतंत्र भारत का महत्वपूर्ण कदम था। यह दिन सेना की स्वायत्तता और सैनिकों की बहादुरी को सम्मानित करता है।

    Indian Army Day 2026

    (image - freepik)

    भारतीय सेना का इतिहास

    भारतीय सेना की जड़ें प्राचीन काल से ही मानी जाती हैं। आजादी से पहले नेता जी सुभाष चंद्र ने भी आजाद हिन्द फौज की स्थापना की थी। लेकिन, आधुनिक सेना का रूप ब्रिटिश राज के दौरान माना जाता है। 1947 में आजादी के बाद ब्रिटिश भारतीय सेना को भारत-पाकिस्तान में विभाजित किया गया। 15 जनवरी 1949 को फील्ड मार्शल के.एम. करियप्पा ने पहली बार कमान संभाली।

    वर्तमान समय में थल सेना में लगभग 12.5 लाख सक्रिय जवान हैं। इस सेना की 7 कमांड्स (उत्तरी, पश्चिमी आदि) और रेजिमेंट्स जैसे राजपूत, सिख, गोरखा हैं। भारत के चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ जनरल इसका नेतृत्व करते हैं। अन्य सेनाओं के साथ मिलकर यह ट्राय-सर्विसेज कमांड संचालित करती है।

    भारतीय सेना की मुख्य भूमिका

    भारतीय सेना देश की सीमा देश की रक्षा करना के साथ ही आंतरिक खतरों से संप्रभुता की रक्षा करना भी होता है। भारतीय सेना देश की रक्षा के लिए अब तक 1947, 1965, 1971, 1999 के युद्धों में लड़कर विजय प्राप्त कर चुकी है। इसके साथ ही देश की रक्षा के लिए ऑपरेशन सिन्दूर जैसे कई ऑपरेशंस भी चला चुकी है।

    यह भी पढ़ें- Career in Food Safety: इन एग्जाम से चुनें फूड सेफ्टी की फील्ड में सुनहरा भविष्य