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    इंडिगो, एअर इंडिया, एअर इंडिया एक्सप्रेस के 323 विमानों में सॉफ्टवेयर अपग्रेडेशन पूरा, सोलर रेडिएशन की वजह रुकी थी उड़ान

    Updated: Sun, 30 Nov 2025 11:16 PM (IST)

    इंडिगो, एअर इंडिया और एअर इंडिया एक्सप्रेस ने सोलर रेडिएशन के कारण उड़ानों में आने वाली बाधाओं को दूर करने के लिए 323 विमानों के सॉफ्टवेयर को अपग्रेड किया है। इस सुधार से उड़ानों की सुरक्षा और समयबद्धता में सुधार होगा, जिससे यात्रियों को राहत मिलेगी।

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    323 विमानों में सॉफ्टवेयर अपग्रेडेशन पूरा। (फाइल)

    डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने रविवार को कहा कि गंभीर सौर विकिरण के कारण प्रभावित देश की तीन प्रमुख विमानन कंपनियों - इंडिगो, एअर इंडिया और एअर इंडिया एक्सप्रेस के 323 परिचालनरत ए320 श्रृंखला के विमानों में आवश्यक सॉफ्टवेयर अपग्रेड करने का काम पूरा कर लिया गया है।

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    अधिकारियों ने बताया कि उड़ान नियंत्रण से संबंधित संभावित समस्या के समाधान के लिए 338 विमानों में से 323 में सॉफ्टवेयर अपग्रेडेशन पूरा हो चुका है। इनमें इंडिगो (200), एअर इंडिया (113) और एअर इंडिया एक्सप्रेस (25) के विमान शामिल हैं। इंडिगो ने अपने सभी 200 परिचालनरत ए320 श्रृंखला के विमानों का अपग्रेडेशन पूरा कर लिया है।

    एअर इंडिया के 113 विमान प्रभावित हुए थे और उनमें से परिचालन में मौजूद 100 विमानों का अपग्रेडेशन किया जा चुका है, जबकि चार विमान अभी भी रखरखाव के अधीन हैं और नौ विमानों में माडिफिकेशन (सुधार) की कोई आवश्यकता नहीं है। एअर इंडिया एक्सप्रेस के 23 विमानों में साफ्टवेयर अपग्रेड किया जा चुका है और दो विमान रखरखाव के अधीन हैं।

    एक्स पर एक पोस्ट में एअर इंडिया ने कहा, ''हमें उम्मीद है कि हम यूरोपीय संघ विमानन सुरक्षा एजेंसी (ईएएसए) द्वारा निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरे बेड़े को कवर कर लेंगे। सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता बनी रहेगी।''

    गौरतलब है कि शनिवार को गंभीर सौर विकिरण के कारण दुनिया में सबसे लोकप्रिय एयरबस ए320 श्रृंखला के विमानों में साफ्टवेयर खराबी का खतरा बढ़ गया था। यह गड़बड़ी उड़ान नियंत्रण से जुड़े अहम डाटा को प्रभावित कर सकती थी, जिससे विमान की ऊंचाई, दिशा और नियंत्रण जैसी महत्वपूर्ण गणनाएं गलत हो सकती थीं।

    इसके बाद कंपनी ने दुनियाभर में संचालित करीब छह हजार विमानों के साफ्टवेयर अपडेट का निर्देश जारी किया और अस्थायी रूप से इनके उड़ान संचालन पर रोक लगा दी। एयरबस के 55 वर्ष के इतिहास में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर विमानों की 'ग्राउंडिंग' की गई।

    (समाचार एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)