Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    आजमगढ़ में चिकित्सक द्वारा दो लाख रुपये न देने पर स्वजन ने खेत में दौड़ा-दौड़ा कर पीटा

    Updated: Sat, 30 Aug 2025 06:30 PM (IST)

    आजमगढ़ के तरवां थाना क्षेत्र में प्रसूता की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में तोड़फोड़ की और चिकित्सक पर हमला किया। परिजनों का आरोप है कि चिकित्सक ने समझौते के दो लाख रुपये नहीं दिए। पुलिस ने 13 लोगों को हिरासत में लिया और मामले की जांच कर रही है।

    Hero Image
    चिकित्सक द्वारा दो लाख रुपये न देने पर स्वजन ने खेत में दौड़ा-दौड़ा कर पीटा।

    जागरण संवाददाता, बलरामपुर (आजमगढ़) : तरवां थाना क्षेत्र अंतर्गत कस्बे में दो दिन पूर्व डिलवरी के दौरान प्रसुता की मौत हो गई थी। उसी मामले में चिकित्सक द्वारा समझौते के दो लाख रुपये न देने पर शुक्रवार को आक्रोशित स्वजन ने अस्पताल में तोड़फोड़ कर चिकित्सक को खेत में दौड़ा-दौड़ा कर पीटाई कर दी।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह से चिकित्सक को बचाया और पीटाई कर रहे 13 लोगों को चालान कर दिया। इस घटना को लेकर पर‍िसर में भी काफी गहमागहमी बनी रही।

    यह भी पढ़ेंव‍िंंध्‍याचल में ट्यूबवेल पर मिला सांपों का भंडार गृह, देखकर आप भी आ जाएंगे दहशत में, देखें वीड‍ियो...

    मेंहनगर थाना क्षेत्र के मौलिया गांव निवासी 25 वर्षीय रेनू नौ माह की गर्भवर्ती थी। बुधवार को अचानक पेट में दर्द हुआ तो पति राजेश सहित अन्य स्वजन उसे तरवां स्थित कस्बे में राजवंती मेमोरियल हास्पिटल में डाक्टर रमेश यादव की देखरेख में भर्ती कराया।

    पति का आरोप है कि गुरूवार को चिकित्सक रमेश द्वारा लापरवाही पूर्वक इलाज करने के दौरान मेरी पत्नी रेनू बच्चें को जन्म देने के उपरांत मौत हो गई। जिस पर स्वजन ने हो-हल्ला मचाया तो चिकित्सक द्वारा दांह संस्कार करने के बाद दो लाख रुपये देने के लिए समझौता हुआ था।

    यह भी पढ़ेंमीरजापुर में चोरों ने दुर्गा मंदिर को बनाया निशाना, लाखों के आभूषण और नगदी पार, मगर हाथ जोड़ना नहीं भूले, देखें वीड‍ियो...

    हालाकि पत्नी का उसी दिन दाहसंस्कार कर दिया गया। शुक्रवार को चिकित्सक को रुपये के लिए फोन किया जा रहा था तो चिकित्सक ने फोन नही उठाया। इसके बाद आक्रोशित ग्रामीणों संग हास्पिटल पहुंच गए इस दौरान चिकित्सक को पकड़ लिया। तभी अचानक चिकित्सक लोगों को धक्का देकर खेतों में भागने लगा इस पर आक्रोशित ग्रामीणों ने चिकित्सक को दौड़ा-दौड़ा कर प‍िटाई कर दी।

    उधर घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस 13 लोगों का शांतिभंग में चालान कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है आए दिन लापरवाही पूर्वक इलाज के दौरान प्रसुता की माैत होती है, लेकिन विभाग संज्ञान नही ले रहा है। तरवां थानाध्यक्ष चंद्रदीप पासवान ने बताया कि चिकित्सक के तहरीर पर 13 लोगों के खिलाफ मारपीट का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।

    यह भी पढ़ें वाराणसी में गोदौलिया रोपवे स्टेशन का काम 12 दिसंबर 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य, देखें तस्‍वीरें...