Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    UP News: तीन दिन में 16 हजार से अधिक युवाओं को मिली नई उड़ान, रोजगार महाकुंभ में मिला रोजगार

    लखनऊ में रोजगार महाकुंभ में 16 हजार से ज्यादा युवाओं को नौकरी मिली। इनमें से कुछ को विदेश में भी अवसर मिला। 50 हजार से ज्यादा युवाओं ने पंजीकरण कराया था। ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में सबसे ज्यादा मौके थे। सरकार हर युवा को रोजगार देने के लिए प्रतिबद्ध है और ऐसे आयोजन जिलों में भी होंगे। राज्य में बेरोजगारी दर में भी गिरावट आई है।

    By Vivek Rao Edited By: Shivam Yadav Updated: Fri, 29 Aug 2025 09:22 AM (IST)
    Hero Image
    तीन दिन में 16 हजार से अधिक युवाओं को मिली नई उड़ान

    राज्य ब्यूरो, लखनऊ। राजधानी में आयोजित तीन दिवसीय रोजगार महाकुंभ ने हजारों युवाओं के सपनों को पंख दे दिए। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में श्रम व सेवायोजन विभाग के सहयोग से हुए आयोजन में कुल 16,212 युवाओं को रोजगार मिला। 

    इनमें से 1,645 युवाओं को विदेश (यूएई) में और 14,567 युवाओं को देश की विभिन्न कंपनियों में नौकरी का अवसर मिला। तीन दिन तक चले इस महाकुंभ में 50 हजार से अधिक युवाओं ने पंजीकरण कराया, जिनमें से पहले चरण में चयनित युवाओं को आन-द-स्पाट जॉब ऑफर लेटर प्रदान किए गए। आयोजन में उमड़ा युवाओं का उत्साह देखते ही बना।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    महाकुंभ में सबसे अधिक अवसर ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में देखने को मिले। वहीं, रिटेल, प्लास्टिक, पॉलीमर और केमिकल इंडस्ट्रीज से जुड़ी कंपनियों को अपेक्षित उम्मीदवार नहीं मिल पाए। 

    कंपनियों ने उन युवाओं को भी मौका दिया, जिन्होंने अभी तक इंडस्ट्री-आधारित ट्रेनिंग नहीं ली थी। चयनित युवाओं को देश के अंदर की कंपनियों ने 2.3 लाख से 6.9 लाख रुपये वार्षिक और दुबई की कंपनियों ने 2.2 लाख से 6 लाख रुपये वार्षिक का ऑफर दिया है। 

    समापन समारोह में मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने कहा कि सरकार का संकल्प है कि हर युवा को रोजगार मिले और प्रदेश की अर्थव्यवस्था मजबूत बने। उन्होंने चयनित युवाओं से अपील की कि वे मेहनत और ईमानदारी से काम करें और अपने प्रदेश का नाम रोशन करें। 

    साथ ही मोबाइल का सीमित उपयोग करने और अधिक से अधिक पुस्तकें पढ़ने की सलाह दी। मुख्यमंत्री के सलाहकार केवी राजू ने सुझाव दिया कि इस तरह के आयोजन सभी जिलों में होने चाहिए, ताकि स्थानीय स्तर पर युवाओं को सीधा लाभ मिल सके।

    श्रम व सेवायोजन के प्रमुख सचिव एमकेएस सुंदरम ने कहा कि आने वाले समय में यह अभियान प्रदेश के विभिन्न जिलों तक पहुंचेगा और महिलाओं की भी इसमें सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। 

    कक्षा आठ से आगे की शिक्षा प्राप्त करने वाले युवाओं को उनकी योग्यता के अनुसार नौकरी उपलब्ध कराई जाएगी। अगले वर्ष मार्च तक तीन से चार चरणों में रोजगार महाकुंभ का आयोजन किया जाएगा। 

    इस अवसर पर निदेशक सेवायोजन नेहा प्रकाश, बीसीएस कंसल्टिंग लिमिटेड के अभिषेक भारती, अपर निदेशक सेवायोजन प्रमोद पुंडीर, अर्पित गुप्ता सहित अन्य संस्थाओं और कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

    100 से अधिक कंपनियों ने लिया हिस्सा

    रोजगार महाकुंभ में संयुक्त अरब अमीरात की 22 और देश की 100 कंपनियों ने इसमें भाग लिया। ऑटोमोबाइल सेक्टर से महिंद्रा, ऐसिन आटोमोटिव, इंडिया जापान लाइटिंग, टेक्निको प्राइवेट लिमिटेड और जेबीएम ग्रुप जैसी कंपनियां शामिल हुईं। 

    इसके अलावा गुड विल इंडिया, बीपीएल, लाल पैथोलॉजी, एसबीआई कार्ड, स्ट्रगल हेल्थकेयर, पीआर स्किल वेंचर, डिक्सन टेक्नोलॉजी, पेटीएम, चंदन स्टील, हिताची, बंसल वायर, मैथ्स हेल्थकेयर, फोर्टिस हॉस्पिटल, एयरटेल और जुबिलिएंट फूड जैसी कंपनियों ने टेक्निकल और नान टेक्निकल पदों पर युवाओं को नौकरी दी।

    रोजगार सृजन में शीर्ष पांच राज्यों में यूपी

    प्रदेश सरकार की ओर से प्रदेश में बेरोजगारी की दर करीब तीन प्रतिशत बताई गई है। प्रदेश अब रोजगार सृजन में तमिलनाडु, गुजरात, महाराष्ट्र और कर्नाटक जैसे राज्यों के साथ शीर्ष पांच में शामिल हो गया है। 

    मिशन रोजगार के तहत अब तक 8.5 लाख युवाओं को विभिन्न सरकारी सेवाओं में नौकरी दी गई है। रोजगार मेलों और महाकुंभ जैसे आयोजनों के माध्यम से भी बड़ी संख्या में युवाओं को अवसर मिल रहे हैं। साथ ही, स्वरोजगार की दिशा में भी युवा तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।